Thursday, March 22, 2012

टूटता तारा


बहुत दिनों बाद
आज ऑनलाइन थी मै
मिला एक पुराना मित्र
मेरी ग्रीन लाइट देखते ही
उसका पहला शब्द
areeeeeeeeeeyyyyyyyyyyyyy??????
कहाँ थी तुम इतने दिनों से ??
कोई खबर क्यों नहीं दी ??
तुम्हे पता है क्या क्या हुआ इन दिनों?
मेरी शादी हो गयी
नौकरी छोड़ दी
अपना काम शुरू किया
तुम्हारा लिखा एक गाना गाया शो में
बहुत तारीफ हुई
फिर कुछ लिखना तो बताना.....

मै बोली तुम चुप हो तो मै कुछ बोलू
वो शर्मिंदा सा मुस्कुराया
मैंने कहा नींद आ रही है
जाती हूँ

वो बोला
पता है इतने दिनों बाद
तुम्हे ऑनलाइन देख कर कैसा लगा?
लगा टूटता तारा कैच लिया हो आज
कुछ देर तो महसूस करने दो इसकी रौशनी

और मै मुस्कुरा कर बोली
बीवी को बुलाओ
उसे भी टूटता तारा दिखाओ
मै देखना चाहती हूँ
उसकी रौशनी में और क्या क्या टूटता है...:)

8 comments: