Sunday, March 27, 2011

मुझे तनहाइयों से डर नहीं लगता साथी

मुझे तनहाइयों की याद बहुत आती

मै खामोशियों में खुद को ढून्ढ लेती

आजकल खुद की बहुत याद मुझे आती है

4 comments:

  1. khud ko dhundhna aur usko pana...ye to sarvottam hai:)

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  2. बहुत पसन्द आया
    हमें भी पढवाने के लिये हार्दिक धन्यवाद
    बहुत देर से पहुँच पाया ....माफी चाहता हूँ..

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  3. बहुत अच्छा लगा आपके ब्लॉग पर आकर.

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  4. खूबसूरत अभिव्यक्ति अपने ही होने और ना होने के बीच उलझते हम ....

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